ذَكَرٍ
dhakarin
ख़्वाह मर्द हो
- कुरआन में कुल प्रयोग
- 38
- कुल कुरआनी पाठ का कवरेज
- 0.05%
- क्रम
- #257
कुरआन में उदाहरण
فَٱسۡتَجَابَ لَهُمۡ رَبُّهُمۡ أَنِّي لَآ أُضِيعُ عَمَلَ عَٰمِلٖ مِّنكُم مِّن ذَكَرٍ أَوۡ أُنثَىٰۖ بَعۡضُكُم مِّنۢ بَعۡضٖۖ فَٱلَّذِينَ هَاجَرُواْ وَأُخۡرِجُواْ مِن دِيَٰرِهِمۡ وَأُوذُواْ فِي سَبِيلِي وَقَٰتَلُواْ وَقُتِلُواْ لَأُكَفِّرَنَّ عَنۡهُمۡ سَيِّـَٔاتِهِمۡ وَلَأُدۡخِلَنَّهُمۡ جَنَّٰتٖ تَجۡرِي مِن تَحۡتِهَا ٱلۡأَنۡهَٰرُ ثَوَابٗا مِّنۡ عِندِ ٱللَّهِۚ وَٱللَّهُ عِندَهُۥ حُسۡنُ ٱلثَّوَابِ
तो उनके पालनहार ने उनकी प्रार्थना स्वीकार कर ली (और फरमाया) कि मैं किसी नेकी करने वाले की नेकी को नष्ट नहीं करता, चाहे वह नर हो या नारी। तुम सब आपस में एक-दूसरे से हो। अतः जिन लोगों ने हिजरत की और अपने घरों से निकाले गए और मेरे मार्ग में सताए गए और उन्होंने जिहाद किया और शहीद किए गए, मैं अवश्य उनकी बुराइयाँ उनसे दूर कर दूँगा और अवश्य ही उन्हें ऐसे बागों में दाख़िल करूँगा, जिनके नीचे नहरें बह रही हैं। यह अल्लाह के पास से उनका बदला होगा और अल्लाह ही के पास सबसे अच्छा बदला है।
अभ्यास जारी रखें
फ़्लैशकार्ड और त्वरित क्विज़ से इन शब्दों का अभ्यास करें।